आंटी ने मेरी सील तोड़ी

ये कहते ही आंटी ने मुझे अपने गले से लगा लिया और मेरा लंड अब खड़ा हो चुका था दिल कर रहा था की साली को अभी चोद डालूं. तभी मेरे माइंड मे एक आइडिया आया और मैं उस रात बहोत जल्दी सो गया और सुबह आंटी से पहले उठ गया और अपना पैजामा उतार कर नीचे से नंगा हो गया और अपना लंड पूरा खड़ा करके वैसेही लेट गया. थोड़ी ही देर मे आंटी उठ गई और मेरा 7 इंच का लंड देख कर बोली – हाए राम इतना बड़ा मैने तो कभी सपने मे भी नही सोचा था इसकी तो वाइफ हमेशा मज़े करेगी.

अब आंटी पर रहा नही जा रहा था उन्होने मेरे लंड को अपने हाथ मे पकड़ लिया और उपर नीचे करने लग गई. मैं अपनी आँखें बंद करके नज़ारे ले रहा था. आंटी मेरे लंड को लगातार घूर घूर कर देख रही थी और अपने हाथ से उपर नीचे कर रही थी तभी वो बोली – हाए राम मेरे इसकी तो अभी तक सील भी नही टूटी. तभी मैं जगा और आंटी ने मुझे जागते देखा और बिना कुछ बोले रूम से भाग गई. और फिर मैं भी उठ कर अपने घर आ गया.

रात को 9:30 बजे आंटी का मेरे पास फोन आया और वो बोली – कहाँ रह गये घर नही आना क्या मैने कहा हान आंटी बस आया मैं. मैं कुछ ही देर मे उनके घर पहोच गया. मैं जैसेही अंदर गया तो मैं पूरी तरह से हैरान रह गया. आज आंटी ने ट्रॅन्स्परेंट गाउन डाला हुआ था उनका करीब पूरा जिस्म ही दिख रहा था.

फिर हम बेडरूम मे गये और लेट गये. कुछ देर बाद मुझसे आंटी बोली – विशाल तुम मेरा एक काम कर दो बस.

मैं – हान

आंटी – विशाल मुझे बस एक बार बड़ा लंड अपनी चूत मे लेकर देखना है की उसका ऐहसास कैसा होता है.

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मैं – पर आंटी अभी तक मेरे लंड की सील भी नही टूटी मैं कैसे ?

आंटी – अरे उसकी फिकर तुम मत करो वो सब तुम मुझ पर छोड़ दो ओके.

ये कहते ही उन्होने मेरे हाथ पकड़ कर अपने बूब्स पर रख दिए और फिर मैं उनके बूब्स आछेसे दबाए और फिर अगले ही पल मैने उनके और अपने सारे कपड़े उतार दिए अब हम दोनो पूरे नंगे हो चुके थे.

आंटी मेरा लंड देख रही थी और मैं उनकी चूत मे बोला – वा आंटी क्या बात है इतनी चिकिनी चूत.

आंटी – हान मेरे राजा चलो अब . चाट कर और चिकना बना दो.

आंटी के कहने पर मैने उनकी चूत चाटनी शुरू कर दी और करीब 10 मिनिट चूत चाटने के बाद आंटी ने मुझे वाहा से हटा दिया और मेरा लंड हाथ मे लेकर अपने मूह मे डाल लिया और मेरा लंड चूसने लग गई.

आंटी लंड चुस्ती चुस्ती बोली – विशाल जैसीही तुम्हारी सील टूट जाएगी फिर देखना तुम्हे कितना मज़ा आता है. चलो अब अपना ये बड़ा सा लंड मेरी चूत मे डाल दो और हान एक बाद याद रखना तुम्हारे लंड का पानी मेरी चूत के अंदर नही जाना चाहिए वरना बहोत बड़ी प्राब्लम हो सकती है ओके.

आंटी की ये बात सुनते ही मैने आंटी की टाँगे खोल दी और उनकी टाँगो के बीच मे बैठ कर अपना लंड उनकी चूत पर सेट किया और जोरदार धक्का लगाते हुए मैने लंड चूत मे उतारना शुरू कर दिया. लंड अंदर जाते ही आंटी ज़ोर ज़ोर से चिल्लाने लग गई. आंटी रोने लग गई.

मैं – क्या हुआ अब आंटी बाहर निकालून क्या ?

आंटी – आहह नही नही अंदर जाने दो जितना अंदर जाएगा उतना ही मज़ा आएगा मेरे राजा और डालो आहह आह.

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फिर क्या था मैने आंटी को ज़ोर ज़ोर से चोदना शुरू कर दिया और करीब 15 मिनिट की चुदाई के बाद मेरे लंड ने अपना सारा पानी आंटी की चूत मे ही निकाल दिया. मैं आंटी के उपर लेट गया. मैने जैसेही अपना लंड चूत मे से बाहर निकाला तो मेरे लंड पर जलन हो रही थी.

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मैने देखा की मेरे लंड की सील टूट चुकी थी मैं बहोत खुश हो गया और आंटी भी, फिर आंटी ने झट से मेरा लंड अपने मूह मे डाल लिया और चूसने लग गई. जितना मुझे आंटी को अपना लंड चुसवाने मे आ रहा था मैने आज तक वैसा मज़ा कभी नही महसूस किया था. इतने मे मेरा लंड फिर से खड़ा हो चुका था.

आंटी ने मेरा लंड अपने मूह से निकाला और बोली – अब मेरी बारी अब तुम नीचे सीधे लेट जाओ अब मैं तुम्हारे लंड की सवारी करूँगी.

फिर आंटी मेरे लंड के उपर चढ़ गई और मेरे लंड के उपर बैठकर ज़ोर ज़ोर से कूदने लग गई. फिर मैने आंटी को अगली दो रातो तक पूरा चोदा और उसकी सारी कसर निकाल दी.

और दोस्तो अब हाल ये है की जैसे अंकल कही इधर उधर गये आंटी मुझे बुला लेती है और मुझसे चुदति है. मैने आंटी की गॅंड भी मारी है उनकी गॅंड के तो क्या कहने.

अब आंटी की गॅंड की चुदाई मेरी कहानी के अगले हिस्से मे. मेरी इस कहानी को पड़ने के लिए आप का बहोत बहोत शुक्रिया.

आप को मेरी ये बेस्ट हिन्दी पॉर्न स्टोरीस देसी चुदाई कैसी लगी मुझे बताना मत भूलिएगा, थॅंक्स और मेरी मैल आईडी है

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