मूहबोली बहन के साथ चुदाई

Muhboli Behan Ke Saath Chudai हेलो दोस्तो, मेरा नाम अविनाश हैं, ये मेरी और मेरी एक दोस्त की कहानी हैं जो की मेरी स्कूल के टाइम से मुंबोली बेहन हैं, उसका नाम रूचि हैं, स्कूल के टाइम वो एक अछी दोस्त थी और मुझे राखी बाँधती थी, स्कूल के बाद हम अलग अलग कॉलेज में चले गये और मिलना जुलना और बातचीत बोहोत कम हो गई, बीच में राखी के टाइम कभी कभी हमारी बात होती थी.

इस तरह हम दोनो की बात बिल्कुल बंद ही हो गई, मैं एक मंथ के लिए पुणे में काम करने लगा, एक दिन मैं मॉल में घूमने गया था, तो मुझे एक लड़की जानी पहचानी सी लगी, मैने ध्यान से देखा तो वो रूचि ही थी, मैं तुरंत जा के उसे मिला, वो उस टाइम अकेली थी, उससे बात की तो उसने लाइफ के बारे में थोड़ा बताया, वो भी एक मंथ से काम कर रही थी, बंगलोर में.

वो पुणे किसी ऑफीस वर्क से आई थी और अगले दिन शाम को वापस जा रही थी, मैने अपनी पूरी शाम उसके साथ बिताई और लाइफ के बारे में बातें की, अब उसका एक बीएफ भी था और वो एक सीरीयस रिलेशन्षिप में थी, मैं रात को करीब 10 बजे उसे उसके होटेल में ड्रॉप कर के चला गया, हमने नंबर भी एक्सचेंज कर लिए थे, उसने जाते वक़्त हग किया और थॅंक्स भाई फॉर सच अ गुड टाइम बोल के चली गई.

अगले महीने मुझे मेरे मॅनेजर ने बताया की मुझे ऑफीस वर्क से 10 दिन के लिए बंगलोर जाना पड़ेगा, ये सुन के मुझे रूचि की याद आई और मैं बंगलोर चला गया, मैं थर्स्डे वाहा पहुचा और फ्राइडे ईव्निंग को उसे कॉल किया, हम दोनो एक मॉल पे मिले, उसने बताया की वो एक फ्लॅट ले के पास में ही रहती हैं.

हम दोनो फिर बियर बार गये, एक एक पाइंट पिया और बातचीत करने लगे. उसने फिर मुझे अपने बीएफ के बारे में बताया, उसने बताया की वो उसके साथ लिविंग रिलेशन्षिप में थी पर वो मास्टर्स करने 2 हफ्ते पहले यूएस गया और वाहा जाते ही इससे ब्रेकप कर के किसी और लड़की को पटा लिया.

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वो काफ़ी बुरा फील कर रही थी और रोने लगी, मैं उसके साइड में बैठा और उसके कंधे पे हाथ रख के उसे कॉन्सोल करने लगा, वो मेरे चेस्ट पे सर रख के और रोने लगी, मैने उसे चुप कराया, फिर थोड़ा खाने के बाद उसने मुझे कहा की अगर मैं उसके फ्लॅट पे रात में रुक जाओं तो उसे अछा लगेगा, अपनी बेहन की ये रिक्वेस्ट मैं टाल नही सका, और हम ऑटो पकड़ के उसके फ्लॅट पे चले गये.

वो एक 1 बीएचके फ्लॅट में रहती थी, बेडरूम में डबल बेड था और हॉल में 1 बड़ा सोफा, मैने सोचा की मैं सोफे पे ही सो जाउन्गा, फिर वो कॉफी बना के लाई और हम उसके बेडरूम में बैठ के कोफ़ी पीने लगे, वो मुझे अपने बीएफ के बारे में बताने लगी, की उसने कैसे उसे तन मन से प्यार किया और वो बस उसे सेक्स के लिए यूज़ कर रहा था.

मैने उसके कंधे पे हाथ रख के उसे कॉन्सोल कर रहा था और वो मुझे साइड से हग कर के अपनी कहानी बता रही थी, मैं उसकी सारी बातें सुन रहा था और उसका कंधा सहला रहा था, उसने बताया की वो रेग्युलर्ली सेक्स करते थे, वो सेक्स में भी काफ़ी आहे बढ़ गये थे, वो उसके लिए करवाचौथ का व्रत भी रखती थी, वो ये बोल के और रोने लगी.

मैने उसके आँसू पोछे और उसने मेरी तरफ देखा, हम दोनो एक दूसरे को थोड़ी देर देखते रहे और ना जाने क्यू उसने मुझे लिप्स पे किस कर दिया, ये एक छोटा सा ही किस था, किस कर के वो थोड़ा पीछे हटी और इधर उधर देखने लगी, मैं भी थोड़ा कन्फ्यूज़्ड था, हम दोनो उसी पोज़ में थोड़ी देर बैठे रहे, फिर उसने मेरी तरफ देखा और इस बार स्मूच कर डाला, इस बार मैं भी खुद को रोक नही पाया.

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हम दोनो एक दूसरे की जीभ चूस रहे थे, हम भूखों की तरह एक दूसरे को चूस रहे थे, उसने मेरा दूसरा हाथ अपने चूचो पे रखवाया, मैं दबा दबा के उसके होंठ चूस रहा था, उसका एक हाथ मेरे लंड पे था और हम स्मूच कर रहे थे.

15 मीं स्मूच करने के बाद वो बोली की भाई आई वॉंट यू राइट नाउ, ये सुनते ही मैने एक और स्मूच दे दिया, ये मेरी भी हा थी, मैने तुरंत उसकी टॉप उतारी और उसे स्मूच करता रहा, हम दोनो स्मूच काफ़ी एंजाय कर रहे थे, बस 3 सेकेंड के लिए हटे थे और कपड़े उतरते और फिर स्मूच में लग जाते, इस तरह अब मैं सिर्फ़ अंडरवेर में और वो सिर्फ़ ब्रा पैंटी में थी, मैने उसे पूरा उपर से नीचे देखा, इस तरह मैने कभी उसे नोटीस नही किया था.

उसका फिगर 34सी 30 36 होगा, मैं उसे देख रहा था तभी वो बोली, आछे से देख लो भाई अपनी बेहन को, आअज ये बेहन अपने भाई को बेह्न्चोद बनाना चाहती हैं, ये सुनते ही मैं उसे स्मूच देने लगा, मैने उसके चूचे दबाते हुए उसकी ब्रा उतार के साइड मे फेक दी और उसके चूचे चूसने लगा, वो मुझे अपने सीने से चिपका के गहरी साँसे भर रही थी.

थोड़ी देर उसे चूसने के बाद मैने उसके होट चूसे और उससे नज़रें मिलाई, हम दोनो एक दूसरे की आँखों में देखने लगे, मैं बोला आज तेरा ये भाई बेहन्चोद बन गया.

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