दीदी की चुदाई की घर पर

और बहुत सारी बाते हुई., पर झिमीदीदी ने बचपन जेसी नेगेटिव बाते नहीं की अभी ब, पूरा छोड़ दी थी उसकी पीरियड्स आने के बाद,

मे गुड नाइट बोलके आ गया

उस दिन चार बार मुठ मारा, मेरे दिमाग मे झिमीदीदी थी, सोच लिया की जेसे ब करके मे स्टेप्स लूँगा चोदने केलिए उसे.,

झिमीदीदी के पति चले गये अगले दिन, उसकी बेटी को मे हमेशा पकड़ता था न उसे देने जाता था, देने के टाइम मे अपनी हाथ उसकी बूब्स पर लगा के थोड़ा दबा देता था..

पहले पहले उसने नोटीस नहीं किया बाद मे करने लगी न मुझे एक असचर्या भरी नज़रो से देखती थी, उस दिन दोपहर को हम ( मैं, बच्चे लोग न दो बुआ) टीवी रूम मे थे फ्लोर पर सब टीवी देख रहे थे..

देखते देखते सो गया ( दोपहर को सारे सोते थे खाने के बाद हमारे घर मे), मेरे साइड मे झिमीदीदी थी उसकी बेटी को ब सुला दिया था उसने, उन्होने नाइटी पहनी थी, उपर को मूह करके सोई थी..

उसकी जिस्म की पूरी शेप मुझे दिख रही थी बूब्स उपर नीचे हो रहे थे साँस ले रही थी वो इसलिए न चूत की ब शेप आ रही थी पूरा, थोड़ा उपर हुई थी उस जगह, मेरा ध्यान वहाँ से हटा नही, मन किया हाथ लगाने को तो हाथ रख दिया उसके उपर न थोड़ा प्रेस ब किया, उपर बूब्स पर ब हाथ रखा धीरे..

वो ब्रा पहनी थी अंदर स्टिल उसकी निपल थोड़ा थोड़ा शेप बना रहा था तो उसको उंगली से थोड़ा प्रेस किया, शायद उसे ये सब पता चल गया था पर वो कुच्छ नहीं कही सोने की नाटक की..

तभी ओर एक बुआ उठ पड़ी न कहा” क्या हुआ बता अब तक, ये हेरोयिन ऐसे रो क्यूँ रही है”” (टीवी पे कोई पिक्चर चल रही थी) तो मेने अड्जस्ट की कुच्छ बोलके., शाम को मैं फोन पर कुच्छ कर रहा था टेरेस पर, झिमीदीदी आके पास मे बैठी

More Sexy Stories  मौसी के बेटे से अपनी चुदाई की

झिमीदीदी – ” कोई गफ़ है? तू तो बड़ा हो गया है रे मेरे छाती पर बाल को हाथ लगाके”(गर्मी थी तो मे सिर्फ़ हाफ पॅंट मे था)

मैं – नहीं दीदी, क्यों, ऐसे सवाल क्यों कर रही हो.

झिमीदीदी – ऐसे ही पुच्छ रही थी, कहके मेरे जांघों के उपर हाथ रखी, न सडन्ली नीचे से पॅंट के अंदर हाथ डाल दी मेरे लंड को पकड़ कर ” तेरे नुनु केसा है देखें ज़रा “,

मेरा तो हालत बुरा हो गया, उसकी हाथ लगते ही लंड सडन्ली खड़ा हो गया पूरा रोड जेसे हो गया.,

मेरी बोलती बंद, झिमीदीदी – क्या रे तेरा इतना बड़ा है उई मा, ये तो मेरे पति का डबल है, मोटा ब इतना केसे हुआअ!!!!!

मेरे कानों के पास आके बोली – तू दोपहर को जो कर रहा था सब पता है मुझे.,

तब मे घबरा गया, झिमीदीदी – आरे मेरे से अब तू फ्री हो सकता है, उसने ये कहके मेरा लंड को हिलाया ज़ोर ज़ोर से., ( हमारे घर मे कोई ना कोई आ जाता है इसलिए नो प्राइवेट प्लेस, सो वो चारो ओर देख रही थी न मेरा लंड हिला रही थी).

मे तो जन्नत मे था, मुझे समझ मे नहीं आ रहा था क्या जवाब दूं, क्या रिस्क करू., हिलाके मेरा स्पर्म निकाल दी., उठके एक स्माइल दी न चारो ओर देख के मेरे लिप्सस्स पर एक किस दिया, मे तो पूरा स्टॅच्यू था, क्या हुआ अभी समझ मे नहीं आया.

फिर दीदी ने गान्ड हिला हिला के चली, न पिच्चे मूड के देखती ब थी खड़ी हो के अपनी नाइटी पिच्चे से उपर कर के गान्ड पनटी के उपर दिखाके चली., मे तो खुश हो गया पूरा, मे असचर्या था इसलिए की इतनी जल्दी ये सब हो जाएगा पता नहीं था, मुझे विश्वास नहीं हो रहा था.

More Sexy Stories  पहली बार बहन की चूत चोदा

उस रात जब सब सीरियल्स देख रहे थे तब मुझे इशारा करके बाहर बुलाइ, न नेक्स्ट रूम मे ले जाके मुझे पागलों की तरह किस करने लगी, मैं ब साथ दे रहा था नाइटी के उपर दो हाथ से उसकी बूब्स दबा रहा था, न जीब को उसकी मूह मे डालके किस कर रहा था, न मेरा हाथ उसकी गान्ड को चला गया.

नाइटी के उपर गान्ड को मसल रहा था न उसकी चूत पर जो की नाइटी के अंदर थी उसपे लंड रगड़ रहा था गान्ड को अपने ओर दबा रहा था, ( ये सब हम खड़े होके नेक्स्ट रूम मे कर रहे थे,लाइट्स ऑफ थी), किसीकि आने की आवाज़ आई तो हम सडन्ली निकल आए उस रूम से..

रात मे ही हुमारे घर मे पति पत्नी ठीक से कर सकते है जो करना है पर प्राइवसी दिन मे बिल्कुल नही., .उस दिन और कुच्छ नहीं हो पाया जब वो ख़ाके जा रही थी डिन्नर मैं उसके पिच्चे पिच्चे जाके उसकी गान्ड पर हाथ लगा दी ओर उसने पिच्चे हाथ करके मेरे खड़े हुए लंड को ज़ोर से पकड़ के मसल दी.

फिर वो सोने चली गयी ( लड़की लोग जो अनमॅरीड है उसके साथ सोती थी ये, घर मे हमारे इतने ज़्यादे नहीं थे, अनमॅरीड लड़के लोग एक साथ सोते थे).

नेक्स्ट दिन सुबह मैने झिमीदीदी को देख के इशारा किया की क्या करें?? लंड मेरा रो रहा है,तड़प रहा है तेरी जिस्म की खुश्बू पाने केलिए, कब चोदुन्गा!!???, वो मुस्कुरई..

करीब 10.30 बजे मैने ब्रेक फास्ट करके ढूंड रहा था झिमीदीदी को( इस्स टाइम पर घर थोड़ा खाली होता है, बच्चे लोग बाहर), झिमीदीदी उनकी रूम मे एक कोने मे अपने बेटी को दूध पीला रही थी..

मे चारों ओर देख के रूम मे चला गया, झिमीदीदी थोड़ा घबरा गयी, मे उसके सामने जाके खड़ा हो के कहा ” मुझे ब दूध पीना है”.

Pages: 1 2 3