एक अंजान कुँवारी चूत

हेलो, मेरा नाम किशोरे है और मेरी उमर 24 साल है. मैं दिखने मे काफ़ी स्मार्ट हूँ. मेरी हाइट 5’8 इंच है और मेरे लंड का साइज़ 8 इंच लंबा है. जो की हर किसी को शांत कर सकता है. जिस बात की मुझे बहुत ज़्यादा खुशी भी है क्योकि एक यही चीज़ होती है जिसके चलते सब कुछ ठीक हो सकता है.

मैं आज आप सबके लिए एक कहानी ले कर आया हूँ जो की मेरे साथ ही बीती हुई है और एक दम सच्ची कहानी है. जिसको पड़ कर आपको बहुत ज़्यादा मज़ा आने लग जाएगा जिसकी मैं गारंटी लेता हूँ.

मैं अपनी कहानी शुरू करने से पहले मैं आपको थोड़ा और भी कुछ बता देता हूँ. मेरे बारे मे थोड़ा बहुत तो आप जान ही चुके हो तो थोड़ा थोड़ा और भी जान लो. मैने ये तो बता दिया की मैं सी हूँ पर मैने ये नही बताया की मेरा नेचर कैसा है.
मेरा नेचर काफ़ी अच्छा है मतलब की मैं काफ़ी ज़्यादा हासमुख इंसान हूँ. मैं सबको हंसने वाला हूँ. मेरे साथ जो भी कोई रहता है वो काफ़ी ज़्यादा खुश रहता है. और ये देख कर मुझे खुशी भी मिलती है.

वैसे मुझे गुस्सा बहुत ही कम आता है पर जब भी आता है तो काफ़ी ख़तरनाक आता है जिसके चलते काफ़ी कुछ नुकसान हो जाता है. पर हाँ मैं हुमेशा अपने गुस्से पर कंट्रोल करने की कोशिश करता रहता हूँ.

चलो अब मैं आपको अपने बारे मे काफ़ी कुछ बता चुका हू इसलिए अब मैं आपको अपनी कहानी पर ले चलता हूँ.
ये बात आज से एक साल पहले की है जब मेरी जॉब लगी थी और मुझे जॉब के सिलसिले मे दिल्ली जाना था. मुझे तो बस तब अपने काम की ही पड़ी हुई थी. इसलिए मैने अपने एक दोस्त से बात करी क्योकि मुझे अब वही सेट्ल होना था. मैने जब अपने दोस्त को सब बताया तो उसने मेरी हेल्प के लिए मुझे मना नही किया.

More Sexy Stories  Mera pahla sex chote ladke ke sath hot Story

तब मैने उसको थॅंक्स कहा और फिर अगले दिन ट्रेन मे दिल्ली की रिज़र्वेशन करवा कर चॅड गया. जब मैं ट्रेन मे अपनी सीट पर बैठा तो देखा की ट्रेन काफ़ी ज़्यादा खाली थी और मेरा भी रास्ता लंबा था इसलिए मैं ट्रेन मे अपनी सीट पर सीधा लेट गया.

क्योकि ना तो कोई मेरी सीट पर बैठा हुआ था और ना ही मेरे सामने वाली सीट पर कोई बैठा हुआ था. मैं मज़े मे सीट पर सीधा लेट गया और काफ़ी मज़े से इयरफोन्स कानो मे लगा कर सॉंग्स सुनने लग गया. मैने ऐसे ही यू,ट्यूब पर भी काफ़ी कुछ देखा क्योकि मेरा टाइम पास तो हो नही रहा था.
अब जब इतना कुछ होने के बाद मुझे नींद सी आने लग गई तो मैं सो भी गया. पर मुझे नींद ज़्यादा देर तक नही आ पाई क्योकि ट्रेन की विंडो से हवा आ रही थी जो की मुझे सोने मे दिक्कत दे रही थी. मैं अब खुद को खड़ा किया और फिर टाइम पास करने के लिए ट्रेन के दरवाजे पर आ कर खड़ा हो गया.

मैं ऐसे ही ठंडी हवा का मज़ा ले रा था की तभी टी- टी आ गया और मुझसे टिकेट चेक करने लग गया. तब मैने अपनी पॉकेट मे से टिकेट निकल कर उनको दिखाई और वो देख कर आगे की और चल दिया.

ऐसे ही मैं अब वही खड़ा रा की कुछ देर बाद मुझे किसी लड़की की थोड़ी डरी हुई, सहमी हुई सी आवाज़ सुनाई दी. मैने पीछे मूड कर देखा तो सामने वेल डिब्बे मे टी-टी के पास एक लड़की खड़ी थी. जो की टिकेट ना होने की वजह से माफी माँग रही थी पर वो टी-टी उससे उँची आवाज़ मे बात कर रा था.
ये देख कर मुझसे रहा नही गया और मैं फिर उनके पास चला गया. मैने तब टी- टी से प्राब्लम पूछी तो उसने बताया की इस लड़की पास टिकेट नही है इसलिए इसे अगले स्टॉपेज पर उतरने को कह रहा हूँ. ये सुन कर मैने उस लड़की की टिकेट भी ले ली और सारा जुर्माना भी भर दिया.

More Sexy Stories  प्रोफेसर के साथ मेरी सुहागरात

फिर टी- टी ने उसे मेरे सामने ही बैठा दिया. मैं आपको थोड़ा उस लड़की के बारे मे भी बता दूं. वो लड़की दिखने मे ठीक ठाक ही थी और उस लड़की का नाम प्रिया था. मैं अब उससे टाइम पास के लिए बाते मरने लग गया. पहले तो वो मुझसे झूठ बोलने लग गई पर बाद मे खुद ही सब कुछ सच बताने लग गई.

प्रिया ने मुझे बताया की उसके पापा शराब पीते है और उसकी मम्मी भी नही है और फिर इतने मे ऐसे ही कुछ बाते हो गई. फिर दिल्ली स्टेशन आ गया तो मैं उतार गया और वो भी वही उतार गई. मैं अब ऑटो लेने लगा तो मैने देखा की वो मेरे पीछे थी.
मैने तब उससे पूछा की तुम कहा जाओगी तो वो बोली की मुझे नही पता की मैं कहा जाउंगी. ये सुन कर मैने उसे अपने साथ आने को कह दिया. मैं और प्रिया घर की और चल पड़े. जब हम वाहा पहुचे तो वाहा पर मेरा दोस्त पहले ही था जिसे मैं मिला और फिर उसने मुझे घर दिखाया जो की काफ़ी अछा था और वो फिर वाहा से चला गया.
उसके जाने के बाद मैं फ्रेश होने वॉशरूम मे चला गया और प्रिया चुपचाप एक कोने मे बैठी रही. मैं जब बाहर आया तो मैने उसे फ्रेश होने को कहा तो वो बोली की मेरे पास कपड़े नही है. ये सुन कर मैने उसे अपना कुर्ता पजमा दे दिया.

Pages: 1 2